कोलकाता एयरपोर्ट पर शुक्रवार रात उस समय तनावपूर्ण स्थिति बन गई जब तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के समर्थकों के बीच तीखी झड़प हो गई। यह घटना उस दौरान हुई जब TMC के राष्ट्रीय महासचिव Abhishek Banerjee दिल्ली से लौट रहे थे और उनके स्वागत के लिए बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एयरपोर्ट पहुंचे थे। विवाद बढ़ने के बाद वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया और कुछ लोगों के घायल होने की भी सूचना मिली।
प्रत्यक्षदर्शियों और पार्टी समर्थकों के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच पहले बहस हुई, जो बाद में धक्का-मुक्की और मारपीट में बदल गई। हंगामे के दौरान एक महिला की तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई। सुरक्षा एजेंसियों को स्थिति नियंत्रित करने के लिए हस्तक्षेप करना पड़ा और अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की गई।

घटना के बाद अभिषेक बनर्जी को मुख्य भीड़भाड़ वाले रास्ते की बजाय दूसरे गेट से बाहर निकाला गया। TMC नेताओं ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने जानबूझकर माहौल खराब करने की कोशिश की, जबकि भाजपा की ओर से इन आरोपों पर अलग रुख सामने आया। पूरे मामले ने राज्य की राजनीतिक तनातनी को फिर से चर्चा में ला दिया है।
इसी बीच TMC को एक और बड़ा झटका तब लगा जब पार्टी से जुड़े तीन बैंक खातों पर लेन-देन और निकासी पर रोक लगा दी गई। बताया जा रहा है कि इन खातों में सैकड़ों करोड़ रुपये जमा हैं। पुलिस के निर्देश के बाद बैंक ने खातों को अस्थायी रूप से फ्रीज कर दिया है, जिससे पार्टी के वित्तीय मामलों को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।

सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई पार्टी के भीतर नेतृत्व और अधिकार को लेकर चल रहे विवाद के बाद की गई। कुछ नेताओं द्वारा खातों के संचालन और संगठनात्मक वैधता को लेकर उठाए गए सवालों के चलते मामला प्रशासनिक और कानूनी स्तर तक पहुंच गया। पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने इस पर अपनी आपत्ति भी दर्ज कराई है।
उल्लेखनीय है कि हाल के महीनों में अभिषेक बनर्जी कई राजनीतिक विवादों और विरोध प्रदर्शनों के केंद्र में रहे हैं। इससे पहले भी उनके कार्यक्रमों के दौरान विरोध और झड़प की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। एयरपोर्ट पर हुई ताजा घटना और बैंक खातों पर लगी रोक ने पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक नया विवाद खड़ा कर दिया है, जिस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।